
क्लिक उत्तराखंड:-(बुरहान राजपूत) हरिद्वार में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन प्रहार” के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। कोतवाली मंगलौर पुलिस और CIU हरिद्वार की संयुक्त टीम ने ढाई साल से फरार चल रहे पांच हजार रुपए के इनामी बदमाश को आखिरकार दबोच लिया है।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान शराफत पुत्र वशीर, निवासी ग्राम टांडा भन्हेड़ा, थाना मंगलौर, जनपद हरिद्वार के रूप में हुई है, जो गौकशी के एक गंभीर मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था।

हरिद्वार पुलिस कप्तान नवनीत सिंह भुल्लर के दिशा-निर्देश पर जिलेभर मे “ऑपरेशन प्रहार” अभियान चलाया जा रहा है।

जिसके मद्देनजर मंगलौर कोतवाली प्रभारी भगवान मेहर ने मादक पदार्थों की खरीद फ़रोत करने वाले और गौकशी में शामिल तस्करों पर शिकंजा कसने के अपने अधीनस्थ पुलिसकर्मियों को सख्त निर्देश दिए थे,

इसी कड़ी में लंढौरा चौकी प्रभारी अशोक सिरसवाल के नेतृत्व मे बड़ी कार्यवाही में अंजाम दिया गया। पुलिस टीम को मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर रणनीति तैयार की गई और संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई। इसी दौरान घेराबंदी कर आरोपी को दबोच लिया गया।
गिरफ्तारी के दौरान आरोपी ने बचने की कोशिश की, लेकिन पुलिस की सतर्कता के आगे उसकी एक नहीं चली। पुलिस के मुताबिक आरोपित बदमाश शराफत पुत्र वशीर, निवासी ग्राम टांडा भन्हेड़ा करीब ढाई साल से फरार चल रहा था, जिसकी तलाश में पुलिस और CIU की टीम लगी हुई थी,
क्या था पूरा मामला?
13 सितंबर 2023 को उत्तराखण्ड गौवंश संरक्षण स्क्वाड गढ़वाल परिक्षेत्र की टीम ने कार्रवाई करते हुए गोवंश से संबंधित अवैध गतिविधियों का खुलासा किया था। इस दौरान मौके से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था और उनके कब्जे से गोमांस व संबंधित उपकरण बरामद हुए थे। इसी मामले में नामजद शराफत मौके से फरार हो गया था और तब से लगातार पुलिस को चकमा दे रहा था। इस दौरान पुलिस टीम में लंढौरा चौकी प्रभारी अशोक सिरसवाल, हेड कांस्टेबल शूरवीर,कांस्टेबल मनीष ,प्रभारी निरीक्षक (सीआईयू) नरेन्द्र सिंह बिष्ट मय टीम शामिल रहे।



