
क्लिक उत्तराखंड:-(बुरहान राजपूत) भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) रुड़की और हरिद्वार यूनिवर्सिटी के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) प हस्ताक्षर किए गए।
शैक्षणिक एवं शोध गतिविधियों को गति देने के लिए समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए. इस समझौते का उद्देश्य छात्रों और शिक्षकों के कौशल विकास को बढ़ावा देना और उन्हें उद्योग की बदलती जरूरतों के अनुरूप तैयार करना है।
आईआईटी रुड़की की ओर से प्रोफेसर विवेक कुमार मलिक, डीन (एसआरआईसी) एवं प्रोफेसर अमित अग्रवाल, एसोसिएट डीन ने हस्ताक्षर किए, जबकि हरिद्वार यूनिवर्सिटी की ओर से प्रोफेसर आदेश के. आर्य, प्रो-वाइस चांसलर ने समझौते पर हस्ताक्षर किए।
इस अवसर पर प्रोफेसर विवेक कुमार मलिक ने कहा कि यह एमओयू दोनों संस्थानों के बीच अकादमिक सहयोग को सुदृढ़ करेगा। इसके माध्यम से हरिद्वार यूनिवर्सिटी के विद्यार्थी और संकाय सदस्य आईआईटी रुड़की के साथ मिलकर विभिन्न शैक्षणिक एवं शोध गतिविधियों में भाग लेकर अपनी दक्षताओं को और निखार सकेंगे।

हरिद्वार यूनिवर्सिटी के अध्यक्ष सीए एस. के. गुप्ता ने कहा कि विश्वविद्यालय सदैव अपने विद्यार्थियों के ज्ञान और कौशल को बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध रहा है। यह समझौता विद्यार्थियों को उत्कृष्ट शैक्षणिक वातावरण और उन्नत संसाधनों से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
प्रोफेसर आदेश के. आर्य ने बताया कि इस एमओयू के तहत हरिद्वार यूनिवर्सिटी के छात्र आईआईटी रुड़की में सर्टिफिकेट कोर्स कर सकेंगे, अपने प्रोजेक्ट्स पर कार्य कर सकेंगे तथा समर और विंटर इंटर्नशिप के अवसर प्राप्त कर सकेंगे।
इससे छात्रों को व्यावहारिक अनुभव और उद्योगोन्मुखी कौशल विकसित करने में सहायता मिलेगी। इस मौके पर डायरेक्टर विपिन सैनी, रजिस्ट्रार सुमित चौहान, ओएसडी अभिनव भटनागर, असिस्टेंट प्रोफेसर संजना, असिस्टेंट प्रोफेसर निशा धीमान समेत अन्य मौजूद रहे।



